High Court : पूर्व सीएम भूपेश बघेल, अखिलेश यादव, रालोद प्रमुख जयंत चौधरी समेत 13 नेताओं की राहत बढ़ी
यह आदेश न्यायमूर्ति संजय कुमार सिंह की अदालत ने छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम भूपेश बघेल संग सभी की याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए दिया है। पंखुड़ी पाठक को कांग्रेस ने 2022 में नोएडा से विधानसभा क्षेत्र से प्रत्याशी बनाया था।
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इलाहाबाद हाईकोर्ट ने विधानसभा चुनाव 2022 के दौरान कोविड नियमों का उल्लंघन कर चुनाव प्रचार करने के आरोप में छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम भूपेश बघेल, अखिलेश यादव, रालोद प्रमुख जयंत चौधरी, सांसद अफजाल अंसारी, विधायक अब्बास अंसारी, कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अजय लल्लू समेत कई नेताओं के खिलाफ विभिन्न जिलों की एमपी/एमएलए की विशेष अदालतों में शुरू हुई आपराधिक कार्यवाही के खिलाफ अलग-अलग दाखिल याचिकाओं पर एक साथ 30 जुलाई को सुनवाई होगी। अगली सुनवाई तक इन सभी के खिलाफ उत्पीड़नात्मक कार्रवाई पर लगी रोक बढ़ा दी गई है।
यह आदेश न्यायमूर्ति संजय कुमार सिंह की अदालत ने छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम भूपेश बघेल संग सभी की याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए दिया है। पंखुड़ी पाठक को कांग्रेस ने 2022 में नोएडा से विधानसभा क्षेत्र से प्रत्याशी बनाया था। 16 जनवरी को छत्तीसगढ़ के तत्कालीन सीएम भूपेश बघेल के साथ डोर-टू-डोर प्रचार के दौरान कोविड प्रोटोकाल का पालन नहीं करने पर थाना सेक्टर-49 में भूपेश और पंखुड़ी पाठक समेत कई अन्य पर चुनाव आयोग के निर्देश पर एफआईआर दर्ज की गई थी।
मामले में पुलिस ने विवेचना के बाद आरोप पत्र दाखिल किया था। इस तरह अन्य मामलों में पूर्व सीएम अखिलेश यादव, रालोद प्रमुख जयंत चौधरी के खिलाफ भी नोएडा में ही एफआईआर दर्ज हुई थी। इसके खिलाफ सभी ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।
कोर्ट ने राहत देते हुए इनके खिलाफ शुरू हुई आपराधिक कार्यवाही पर रोक लगा दी थी। हालांकि, शासकीय अधिवक्ता आशुतोष कुमार ने कोर्ट को जानकारी दी कि इन मामलों में आपराधिक कार्रवाई की जानी है अथवा नहीं, इस बारे में राज्य सरकार को फैसला लेना है। सरकार का नीतिगत मामला होने की वजह से लोकसभा चुनाव तक फैसला होना संभव नहीं है। लिहाजा कोर्ट ने सभी मामलों की सुनवाई के लिए 30 जुलाई की तारीख नियत की है।