{"_id":"6a4bb96d390581aff1041287","slug":"four-convicts-including-three-brothers-get-life-imprisonment-for-killing-farmer-2026-07-06","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"UP: किसान को गोली मारकर उतारा था माैत के घाट, तीन सगे भाइयों समेत चार दोषियों को उम्रकैद; जुर्माना भी लगाया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: किसान को गोली मारकर उतारा था माैत के घाट, तीन सगे भाइयों समेत चार दोषियों को उम्रकैद; जुर्माना भी लगाया
Mon, 06 Jul 2026 08:03 PM IST
Arun Parashar
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Published by: Arun Parashar
Updated Mon, 06 Jul 2026 08:03 PM IST
सार
किसान की हत्या के मामले में कोर्ट ने तीन सगे भाइयों समेत चार दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। किसान के ट्यूबवेल पर सोने के दाैरान वारदात को अंजाम दिया गया था। साथ ही कोर्ट ने दोषियों पर जुर्माना भी लगाया है।
विज्ञापन
अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई (सांकेतिक)
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
आगरा में एडीजे-1 पुष्कर उपाध्याय ने खेत पर लगे ट्यूबवेल पर सो रहे किसान की हत्या और आयुध अधिनियम के आरोप में तीन सगे भाइयों सहित चार दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। सभी पर 15-15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। आरोपियों ने रंजिश के तहत घटना को अंजाम दिया था।
घटना 13 मार्च 2013 की है। रात को थाना डौकी क्षेत्र के गांव टीकैतपुरा निवासी मंगल सिंह खेत पर लगे अपने ट्यूबवेल पर मौजूद थे। उस दौरान उनसे पुरानी रंजिश मानने वाले गांव के ही आरोपी तीन भाई जयपाल सिंह, सियाराम, अजमेर और रामजीत हाथों में हथियार लेकर वहां आ गए। उन्हे खींचकर बगल वाले खेत में ले जाने लगे। पुत्र संतोष ने उनका पीछा किया। तब तक आरोपियों ने उन्हें गोली मार दीं। डर से उनका बेटा खेत में लेट गया। इसके बाद आरोपी जान से मारने की धमकी देकर फायरिंग करते हुए भाग गए। तब उनके पुत्र ने अपने परिजन को आवाज दी। वह मौके पर पहुंचे।
विज्ञापन
घटना 13 मार्च 2013 की है। रात को थाना डौकी क्षेत्र के गांव टीकैतपुरा निवासी मंगल सिंह खेत पर लगे अपने ट्यूबवेल पर मौजूद थे। उस दौरान उनसे पुरानी रंजिश मानने वाले गांव के ही आरोपी तीन भाई जयपाल सिंह, सियाराम, अजमेर और रामजीत हाथों में हथियार लेकर वहां आ गए। उन्हे खींचकर बगल वाले खेत में ले जाने लगे। पुत्र संतोष ने उनका पीछा किया। तब तक आरोपियों ने उन्हें गोली मार दीं। डर से उनका बेटा खेत में लेट गया। इसके बाद आरोपी जान से मारने की धमकी देकर फायरिंग करते हुए भाग गए। तब उनके पुत्र ने अपने परिजन को आवाज दी। वह मौके पर पहुंचे।
विज्ञापन
देखा मो मंगल सिंह खून से लथपथ पड़े थे। परिजन इलाज के लिए अस्पताल लेकर गए, जंहा डॉक्टरों ने मंगल सिंह को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने उनके पुत्र संतोष की तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की। विवेचना के बाद आरोपी जयपाल सिंह, सियाराम, अजमेर सिंह, रामजीत के खिलाफ हत्या और आयुध अधिनियम के तहत भी अदालत में आरोप पत्र प्रेषित किया था।
अभियोजन पक्ष की तरफ से वादी मुकदमा संतोष कुमार और घटना के प्रत्यक्षदर्शी गवाह भगवती प्रसाद, महेश चंद,डॉक्टर आरएस अतेंद्र सहित 12 गवाह अदालत में पेश किए गए। दोषियों के अधिवक्ता ने तर्क दिए कि घटना के दौरान घटना स्थल पर अंधेरा था। गवाहों ने आरोपियों को कैसे पहचान लिया। प्राथमिकी भी देरी से दर्ज कराई गई। गवाहों ने कहा कि घटना स्थल पर रोशनी थी। उन्होंने आरोपियों को देखा था।
अभियोजन पक्ष की तरफ से वादी मुकदमा संतोष कुमार और घटना के प्रत्यक्षदर्शी गवाह भगवती प्रसाद, महेश चंद,डॉक्टर आरएस अतेंद्र सहित 12 गवाह अदालत में पेश किए गए। दोषियों के अधिवक्ता ने तर्क दिए कि घटना के दौरान घटना स्थल पर अंधेरा था। गवाहों ने आरोपियों को कैसे पहचान लिया। प्राथमिकी भी देरी से दर्ज कराई गई। गवाहों ने कहा कि घटना स्थल पर रोशनी थी। उन्होंने आरोपियों को देखा था।